बच्चे को टीकाकरण के समय जरूर पिलाएं विटामिन ए, कोरोना से लड़ने में मिलेगी मदद

ब्यूरो रिपोर्ट-प्रेम कुमार शुक्ल

अमेठी , अगस्त 2021,मुख्य चिकित्सा अधिकारी डॉ आशुतोष कुमार दुबे ने बताया कि विटामिन ए पिलाने से बच्चों में संक्रमण की आशंका काफी कम हो जाती है क्योंकि इससे इम्यूनिटी बढ़ती है। इसलिए बाल स्वास्थ्य पोषण माह में पांच वर्ष तक के बच्चों को विटामिन ए की खुराक अवश्य दें।

उन्होंने बताया कि बच्चों को विटामिन ए की खुराक देने से शरीर की एपिथीलियल लेयर मजबूत होती है। यह परत हर बच्चे के रिसपैरेट्री ट्रैक यानि स्वसन तंत्र में भी होती है। उन्होंने बताया कि यदि बच्चे के रिसपैरेट्री ट्रैक की एपिथीलियल लेयर मजबूत रहेगी, तो वायरस कोविड-19 भी इस परत को अतिक्रमित करने में असहाय महसूस करेगा। साथ ही इस वायरस के श्वसन तंत्र से भीतर जाने की गुंजाइश भी काफी कम हो जाती है।

उन्होंने बताया कि कोविड की संभावित तीसरी लहर से बचने के लिए हम सभी को अपनी और अपने बच्चों की रोग प्रतिरोधक क्षमता अच्छी बनाए रखने की आवश्यकता है। इसके लिए विटामिन ए काफी मददगार साबित हो सकता है। यह वसा में घुलनशील विटामिन है और यह शरीर की रोग प्रतिरोधक क्षमता बढ़ाने में भी मदद करता है। सीएनएनएस के वर्ष 2016-18 की रिपोर्ट के अनुसार उत्तर प्रदेश में एक से चार वर्ष तक के 16.9 प्रतिशत बच्चे विटामिन ए की कमी से ग्रस्त हैं।
उन्होनें बताया कि इस की कमी से एनीमिया रोग, रोग प्रतिरक्षा तंत्र कमजोर होना, आंखों की रोशनी काम होना, अंधापन होना, आंखों में आंसू न बनना, रूखी त्वचा हो जाना और मुंह में छाले, दस्त जैसी समस्या होना।
उन्होनें बताया कि बाल स्वास्थ्य पोषण माह के दौरान आशा / स्वास्थ्य कार्यकर्ता को नौ माह से पांच वर्ष तक के बच्चों को विटामिन ए की खुराक देने के निर्देश दिए गए हैं। साथ ही अभियान के दौरान सभी स्वास्थ्य कार्यकर्ताओं को सैनेटाइज़र, मास्क और दो गज की दूरी के साथ कोविड प्रोटोकाल का पालन करने के लिए भी निर्देश दिए गए हैं।

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *