किसान उर्वरकों का न करें अग्रिम भंडारण व जमाखोरी, उपयोग हेतु जनपद में लगातार करायी जा रही डी0ए0पी0 उर्वरक की आपूर्ति।

 

अमेठी।  जिला कृषि अधिकारी अखिलेश पाण्डेय ने अवगत कराया है कि किसानों हेतु 15 नवम्बर 2022 को जनपद में यूरिया 12617 मी0टन, डी0ए0पी0 1834 मी0टन, एन0पी0के0 637 मी0टन, पोटाश 254 मी0टन व एस0एस0पी0 (सिंगल सुपर फास्फेट) 1335 मी0टन वितरण के लिए उपलब्ध है एवं चालू रबी सीजन में 01 अक्टूबर 2022 से 15 नवम्बर 2022 तक यूरिया 3410 मी0टन, डी0ए0पी0 5719 मी0टन, एन0पी0के0 1534 मी0टन, पोटाश 63 मी0टन व एस0एस0पी0 (सिंगल सुपर फास्फेट) 179 मी0टन की बिक्री हुयी है तथा विगत वर्ष-2021 में रबी सीजन में अभी तक 2587 मी0टन यूरिया, 5178 मी0 टन डी0ए0पी0, 542 मी0टन पोटाश, 496 मी0टन एन0पी0के0 व 33 मी0टन एस0एस0पी0 की बिक्री हुई थी। उन्होंने बताया कि पी0सी0एफ0 गोदाम में साधन सहकारी समितियों हेतु 375 मी0टन डी0ए0पी0 उर्वरक भंडारित किया गया है जिसको समितियों की मांग व उनकी ऋण सीमा को दृष्टिगत रखते हुए भेजा जा रहा है तथा साधन सहकारी समिति फूला, रास्तामौ, मंगौली, धरौली, सेमभुई, गोरियाबाद में 15-15 टन व गैरिकपुर में 6.5 टन व भदाव में 8.5 टन भेजी गयी है। उन्होंने बताया कि जनपद में गेहूं बुवाई हेतु फॉस्फेटिक उर्वरक जिसमें डी0ए0पी, एन0पी0के0 व एस0एस0पी0 आते हैं का प्रयोग किसानों द्वारा किया जाता है, ये उर्वरक रबी फसलों की बुआई के समय व उनकी मांग के अनुरूप उपलब्ध हैं। किसान डी0ए0पी0 के स्थान पर अन्य फॉस्फेटिक उर्वरक जैसे एन0पी0के0 व एस0एस0पी0 का भी प्रयोग बुवाई के समय कर सकते हैं। उन्होंने बताया कि पौधों को डी0ए0पी0 से मिलने वाला फास्फोरस तत्व एन0पी0के0 एवं एस0एस0पी0 से भी प्राप्त होगा, इसकी संस्तुत मात्रा का प्रयोग कर फास्फोरस की आपूर्ति फसलों में कई जा सकती है एवं नवम्बर माह में प्रस्तावित खपत के दृष्टिगत आगामी दिवसों में और डी0ए0पी0 व अन्य फास्फेटिक उर्वरक प्राप्त होते रहेंगे तथा 16 नवम्बर 2022 को रायबरेली रैक पॉइंट से 250 मी0टन आई0पी0एल0डी0ए0पी0 व बाराबंकी रैक पॉइंट से 200 मी0टन मोजेक डी0ए0पी0 जनपद को प्राप्त हो रही है, जो निजी विक्रय केंद्रों को बिक्री हेतु उपलब्ध होगी। इस सम्बन्ध में उन्होंने बताया कि जनपद में डी0ए0पी0 उसी तरह से प्राप्त हो रही है जैसे विगत वर्षों में प्राप्त होती थी, इसलिए किसानों से अनुरोध है कि किसी प्रकार की अफवाह पर ध्यान न दें तथा डी0ए0पी0 या अन्य उर्वरकों का अग्रिम भंडारण/जमाखोरी न करें तथा जोत के अनुरूप बोई जाने वाली फसलों के दृष्टिगत संस्तुत मात्रा में ही डी0ए0पी0 एवं अन्य उर्वरकों का क्रय करें एवं डी0ए0पी0 उर्वरक की आपूर्ति किसानों के उपयोग हेतु लगातार करायी जा रही है।

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