'लोकमान्य तिलक नेशनल अवार्ड 2026' से सम्मानित हुए अजीत डोभाल, अमित शाह बोले— राष्ट्रसेवा का स्वर्णिम अध्याय हैं डोभाल

'लोकमान्य तिलक नेशनल अवार्ड 2026' से सम्मानित हुए अजीत डोभाल, अमित शाह बोले— राष्ट्रसेवा का स्वर्णिम अध्याय हैं डोभाल
  • पुणे में आयोजित भव्य समारोह में केंद्रीय गृह मंत्री ने किया सम्मानित, लोकमान्य तिलक के सांस्कृतिक राष्ट्रवाद और राष्ट्रीय सुरक्षा पर रखा विस्तृत दृष्टिकोण

पुणे (महाराष्ट्र), 1 अगस्त 2026।
भारत की राष्ट्रीय सुरक्षा व्यवस्था को नई ऊंचाइयों तक पहुंचाने वाले राष्ट्रीय सुरक्षा सलाहकार (NSA) अजीत डोभाल को शनिवार को पुणे में प्रतिष्ठित 'लोकमान्य तिलक नेशनल अवार्ड 2026' से सम्मानित किया गया। केंद्रीय गृह एवं सहकारिता मंत्री श्री अमित शाह ने उन्हें यह सम्मान प्रदान करते हुए कहा कि डोभाल का जीवन राष्ट्रसेवा, समर्पण और अद्वितीय साहस का प्रतीक है तथा उनका योगदान आने वाली पीढ़ियों के लिए प्रेरणास्रोत रहेगा।

यह सम्मान समारोह लोकमान्य बाल गंगाधर तिलक की 106वीं पुण्यतिथि के अवसर पर आयोजित किया गया। कार्यक्रम में महाराष्ट्र के मुख्यमंत्री देवेंद्र फडणवीस, उपमुख्यमंत्री एकनाथ शिंदे, सुनेत्रा पवार, केंद्रीय सहकारिता राज्य मंत्री मुरलीधर मोहोल सहित अनेक गणमान्य व्यक्ति उपस्थित रहे। समारोह से पहले अमित शाह ने समाज सुधारक अण्णाभाऊ साठे की जयंती पर उनकी प्रतिमा पर माल्यार्पण कर श्रद्धांजलि भी अर्पित की।


"सांस्कृतिक राष्ट्रवाद के मार्ग पर आगे बढ़ चुका है भारत"

अपने संबोधन में अमित शाह ने कहा कि लोकमान्य तिलक केवल स्वतंत्रता सेनानी नहीं, बल्कि भारत की राष्ट्रीय चेतना के सबसे बड़े जागरणकर्ताओं में से एक थे।

उन्होंने कहा कि तिलक का प्रसिद्ध उद्घोष—
"स्वराज मेरा जन्मसिद्ध अधिकार है और मैं इसे लेकर रहूंगा"
ने पूरे देश में स्वतंत्रता की नई चेतना जगाई।

अमित शाह ने कहा कि आज का भारत उसी सांस्कृतिक राष्ट्रवाद के मार्ग पर आगे बढ़ रहा है जिसकी कल्पना लोकमान्य तिलक ने की थी।

"भारत अब लोकमान्य तिलक जी के दिखाए सांस्कृतिक राष्ट्रवाद के मार्ग पर चल पड़ा है, अब कोई चाहकर भी इसे रोक नहीं सकता।"


तिलक के विचार आज भी युवाओं के लिए प्रेरणा

गृह मंत्री ने कहा कि तिलक केवल राजनीतिक नेता नहीं थे, बल्कि वे महान शिक्षक, निर्भीक पत्रकार, समाज सुधारक, चिंतक और कर्मयोगी थे। उन्होंने युवाओं से आह्वान किया कि वे तिलक के जीवन, लेखन और विचारों का अध्ययन करें। उन्होंने विशेष रूप से कहा—

"गीता को तिलक महाराज की दृष्टि से पढ़िए, आप जीवन में कभी गलती नहीं करेंगे।"

अमित शाह ने कहा कि तिलक ने शिक्षा, पत्रकारिता और सामाजिक जागरण के माध्यम से राष्ट्रनिर्माण की ऐसी नींव रखी, जिसने स्वतंत्रता आंदोलन को नई दिशा दी।


अजीत डोभाल का सम्मान पूरे राष्ट्र के लिए प्रेरणा

अमित शाह ने कहा कि अजीत डोभाल को 'लोकमान्य तिलक नेशनल अवार्ड' मिलना केवल उनका व्यक्तिगत सम्मान नहीं, बल्कि उन सभी लोगों का सम्मान है जो देश के लिए समर्पित होकर कार्य करते हैं।

उन्होंने कहा—

"यह पुरस्कार देश के लिए जीने और काम करने वाले हर क्षेत्र के नागरिकों के लिए बहुत बड़ी प्रेरणा बनेगा।"


सबसे लंबे समय तक राष्ट्रीय सुरक्षा सलाहकार रहने का गौरव

गृह मंत्री ने कहा कि अजीत डोभाल देश के सबसे लंबे समय तक कार्यरत रहने वाले राष्ट्रीय सुरक्षा सलाहकार हैं। उन्होंने बताया कि वर्ष 1972 से लेकर खुफिया ब्यूरो (IB) के शीर्ष पदों तक डोभाल ने देश की सुरक्षा के लिए अनेक कठिन और संवेदनशील अभियानों का नेतृत्व किया। उन्होंने पूर्वोत्तर, सिक्किम, जम्मू-कश्मीर, पंजाब और पाकिस्तान में अपने गुप्त अभियानों का उल्लेख करते हुए कहा कि उनका योगदान भारतीय सुरक्षा इतिहास का महत्वपूर्ण अध्याय है।


मोदी सरकार की सुरक्षा नीति के प्रमुख रणनीतिकार

अमित शाह ने कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व में भारत की राष्ट्रीय सुरक्षा व्यवस्था को मजबूत बनाने में अजीत डोभाल की भूमिका अत्यंत महत्वपूर्ण रही है।

उन्होंने कहा कि—

  • सेना की मारक क्षमता बढ़ाने,

  • आधुनिक तकनीकों के समावेश,

  • सीमाओं की सुरक्षा,

  • आतंकवाद विरोधी रणनीति,

  • तथा राष्ट्रीय सुरक्षा नीति को मजबूत बनाने में डोभाल का योगदान उल्लेखनीय है।


MAC बना देश की आंतरिक सुरक्षा की रीढ़

गृह मंत्री ने बताया कि Multi Agency Centre (MAC) आज देश की आंतरिक सुरक्षा की सबसे महत्वपूर्ण प्रणाली बन चुका है। उन्होंने कहा कि इसके मजबूत ढांचे की नींव रखने का श्रेय भी अजीत डोभाल को जाता है।

"आज MAC देश की आंतरिक सुरक्षा की रीढ़ है और इसकी मजबूत आधारशिला डोभाल जी ने रखी।"


अहमदाबाद सहित 13 बम धमाकों की जांच का किया उल्लेख

अपने संबोधन में अमित शाह ने गुजरात के मुख्यमंत्री रहते नरेंद्र मोदी द्वारा लिए गए निर्णय का उल्लेख करते हुए कहा कि अहमदाबाद सीरियल ब्लास्ट के बाद डोभाल के मार्गदर्शन में गुजरात पुलिस ने देशभर में हुए 13 बम धमाकों की जांच को सफलतापूर्वक अंजाम दिया।

उन्होंने कहा कि यह भारतीय जांच एजेंसियों की बड़ी उपलब्धियों में से एक थी।


विदेश नीति और सुरक्षा में भी महत्वपूर्ण भूमिका

गृह मंत्री ने कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के कार्यकाल में भारत की विदेश नीति और वैश्विक प्रतिष्ठा को नई मजबूती मिली है, जिसमें राष्ट्रीय सुरक्षा सलाहकार अजीत डोभाल की रणनीतिक भूमिका अत्यंत महत्वपूर्ण रही है। उन्होंने कहा कि डोभाल के लंबे अनुभव और दूरदर्शिता ने भारत की सुरक्षा नीति को नई दिशा प्रदान की।


अण्णाभाऊ साठे को भी दी श्रद्धांजलि

पुणे प्रवास के दौरान अमित शाह ने महान समाज सुधारक और साहित्यकार अण्णाभाऊ साठे की जयंती पर उनकी प्रतिमा पर माल्यार्पण कर श्रद्धासुमन अर्पित किए तथा उनके सामाजिक योगदान को नमन किया।


राष्ट्रीय सुरक्षा और राष्ट्रवाद का संदेश

समारोह केवल एक पुरस्कार वितरण तक सीमित नहीं रहा, बल्कि यह भारत की राष्ट्रीय सुरक्षा, सांस्कृतिक राष्ट्रवाद और राष्ट्रनिर्माण के मूल्यों को समर्पित एक महत्वपूर्ण आयोजन के रूप में सामने आया। अमित शाह ने अपने संबोधन के अंत में कहा कि जब भी प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व वाले कालखंड में भारत की आंतरिक और बाह्य सुरक्षा का इतिहास लिखा जाएगा, तब राष्ट्रीय सुरक्षा सलाहकार अजीत डोभाल के योगदान पर एक स्वर्णिम अध्याय अवश्य दर्ज होगा।