सचिवालय में नौकरी दिलाने का झांसा देकर 10 लाख की ठगी, फर्जी नियुक्ति पत्र थमाने वाला शातिर गिरफ्तार
- महिला से आरटीजीएस और नकद के जरिए वसूले 10 लाख रुपये, गोरखपुर पुलिस ने वांछित आरोपी को दबोचा
आर.वी.9 न्यूज़ | ब्यूरो प्रमुख- एन. अंसारी
बांसगांव (गोरखपुर)।
सरकारी नौकरी दिलाने के नाम पर बेरोजगार युवाओं और उनके परिवारों से ठगी करने वाले गिरोहों पर गोरखपुर पुलिस लगातार शिकंजा कस रही है। इसी क्रम में बांसगांव पुलिस ने सचिवालय में सरकारी नौकरी दिलाने का झांसा देकर 10 लाख रुपये की ठगी करने वाले एक वांछित आरोपी को गिरफ्तार कर बड़ी सफलता हासिल की है। आरोपी ने न केवल नौकरी का झूठा सपना दिखाकर लाखों रुपये ऐंठ लिए, बल्कि विश्वास कायम रखने के लिए फर्जी नियुक्ति पत्र भी तैयार कर पीड़िता को सौंप दिया। पुलिस की इस कार्रवाई के बाद क्षेत्र में नौकरी के नाम पर होने वाली धोखाधड़ी के मामलों को लेकर लोगों में सतर्कता बढ़ी है।
घर के पास से दबोचा गया आरोपी
बांसगांव थाना पुलिस ने मुकदमा संख्या 270/2026 में वांछित चल रहे अभियुक्त विपिन उर्फ विनय तिवारी (26 वर्ष) पुत्र ओमप्रकाश, निवासी ग्राम तेवना बसावनपुर, थाना गगहा, जनपद गोरखपुर को सोमवार दोपहर करीब 1:50 बजे उसके घर के समीप से गिरफ्तार कर लिया। गिरफ्तारी के बाद पुलिस ने आरोपी को आवश्यक विधिक कार्रवाई पूरी करते हुए न्यायालय के समक्ष प्रस्तुत किया।
सचिवालय में नौकरी का दिया झांसा, 10 लाख रुपये किए हड़प
पुलिस जांच के अनुसार, आरोपी ने एक महिला को उत्तर प्रदेश सचिवालय में सरकारी नौकरी दिलाने का भरोसा दिया। इस झांसे में आकर पीड़िता ने आरोपी के खाते में आरटीजीएस के माध्यम से 3.50 लाख रुपये ट्रांसफर किए, जबकि 6.50 लाख रुपये नकद दिए। इस तरह आरोपी ने कुल 10 लाख रुपये अपने कब्जे में ले लिए।
विश्वास दिलाने के लिए सौंप दिया फर्जी नियुक्ति पत्र
रकम प्राप्त करने के बाद भी जब नौकरी नहीं लगी तो आरोपी ने पीड़िता का विश्वास बनाए रखने के लिए कूटरचित (फर्जी) नियुक्ति पत्र तैयार कर उसे सौंप दिया। दस्तावेजों की जांच में नियुक्ति पत्र फर्जी पाए जाने पर पीड़िता को ठगी का एहसास हुआ। इसके बाद उसने बांसगांव थाने में शिकायत दर्ज कराई।
बीएनएस की विभिन्न धाराओं में दर्ज हुआ मुकदमा
पीड़िता की तहरीर के आधार पर थाना बांसगांव में भारतीय न्याय संहिता (बीएनएस) की धोखाधड़ी, जालसाजी और कूटरचना से संबंधित विभिन्न धाराओं में मुकदमा दर्ज किया गया। विवेचना के दौरान आरोपी की संलिप्तता प्रमाणित होने पर पुलिस उसकी तलाश में जुटी थी। आखिरकार सोमवार को उसे गिरफ्तार कर लिया गया।
पुलिस की अपील— नौकरी के नाम पर लालच देने वालों से रहें सावधान
गोरखपुर पुलिस ने आम नागरिकों से अपील की है कि सरकारी नौकरी दिलाने के नाम पर किसी भी व्यक्ति के झांसे में न आएं। सरकारी नियुक्तियां केवल निर्धारित चयन प्रक्रिया के माध्यम से होती हैं। यदि कोई व्यक्ति पैसे लेकर नौकरी दिलाने का दावा करता है तो उसकी सूचना तत्काल पुलिस या संबंधित विभाग को दें।
बांसगांव पुलिस की यह कार्रवाई उन लोगों के लिए कड़ा संदेश है जो सरकारी नौकरी के नाम पर बेरोजगार युवाओं और उनके परिवारों की मेहनत की कमाई हड़पने का षड्यंत्र रचते हैं। पुलिस का कहना है कि ऐसे मामलों में किसी भी दोषी को बख्शा नहीं जाएगा और कानून के दायरे में लाकर सख्त कार्रवाई सुनिश्चित की जाएगी।







