आस्था, सेवा और सनातन चेतना का संगम: खडेसरी में ‘खडेसरी धाम’ की नींव, एक साथ कई मंदिरों का शिलान्यास
- आर.वी.9 न्यूज़ | संवाददाता, शुभम शर्मा
बड़हलगंज थाना क्षेत्र के गगहा–मेहंदिया अंतर्गत खडेसरी स्थित मानव सेवा संस्थान प्रांगण में साईं बाबा धाम के स्थापना दिवस के पावन अवसर पर धार्मिक आस्था का भव्य उत्सव देखने को मिला। इस अवसर पर श्री खाटू श्यामजी, नीम करोली बाबा, जगत जननी जगदम्बा एवं बजरंगबली मंदिर का विधिवत शिलान्यास किया गया। कार्यक्रम में जनप्रतिनिधियों, संतजनों और श्रद्धालुओं की बड़ी सहभागिता रही। आयोजकों के अनुसार आने वाले समय में यह परिसर ‘खडेसरी धाम’ के नाम से विख्यात होगा।
गगहा–मेहंदिया क्षेत्र के लिए यह दिन ऐतिहासिक बन गया, जब खडेसरी मानव सेवा संस्थान प्रांगण में श्रद्धा, भक्ति और सेवा भाव का अद्भुत संगम साकार हुआ। कार्यक्रम का नेतृत्व संस्थान के प्रबंधक आलोक कुमार गुप्ता एवं उत्तर प्रदेश विश्व हिन्दू रक्षा परिषद के अध्यक्ष शिखर ने किया। साईं बाबा धाम के स्थापना दिवस के साथ-साथ एक साथ कई मंदिरों के शिलान्यास ने क्षेत्र की धार्मिक पहचान को नई ऊंचाई प्रदान की।

मानव सेवा संस्थान की संस्थापक पूनम गुप्ता ने भावुक स्वर में कहा कि यह स्थल अब केवल एक संस्थान नहीं, बल्कि श्रद्धालुओं के लिए आध्यात्मिक आश्रय बनेगा। उन्होंने विश्वास व्यक्त किया कि निकट भविष्य में यह स्थान ‘खडेसरी धाम’ के नाम से जाना जाएगा, जहां सेवा और साधना साथ-साथ आगे बढ़ेंगी।

कार्यक्रम की शोभा बढ़ाने मुख्य अतिथि के रूप में विजय लक्ष्मी गौतम (राज्य मंत्री) उपस्थित रहीं। उन्होंने अपने उद्बोधन में कहा,
“आज के समय में जब देशभर में धर्म-संस्कृति की रक्षा की चर्चा हो रही है, ऐसे में खडेसरी धाम का निर्माण आस्था को नई दिशा देगा। अब श्रद्धालुओं को दर्शन के लिए दूर नहीं जाना पड़ेगा—यह धाम क्षेत्रवासियों के लिए आशीर्वाद बनेगा।”

विशिष्ट अतिथि के रूप में सुरेंद्र चौरसिया (रामपुर विधायक) ने आयोजन की सराहना करते हुए इसे सामाजिक समरसता और सनातन मूल्यों को सुदृढ़ करने वाला कदम बताया। कार्यक्रम के संचालक अभिषेक राय ने पूरे आयोजन को सुचारु रूप से संपन्न कराया।

शिलान्यास के दौरान वैदिक मंत्रोच्चार, पूजा-अर्चना और जयघोष से वातावरण भक्तिमय हो उठा। साईं बाबा, खाटू श्यामजी, नीम करोली बाबा, जगदम्बा और बजरंगबली—इन सभी देवस्वरूपों के नाम से उठती आस्था की गूंज ने उपस्थित जनसमूह को भाव-विभोर कर दिया।

खडेसरी में आयोजित यह शिलान्यास केवल निर्माण की शुरुआत नहीं, बल्कि एक आध्यात्मिक यात्रा का शुभारंभ है। खडेसरी धाम आने वाले दिनों में आस्था, सेवा और संस्कृति का केंद्र बनकर उभरेगा—जहां श्रद्धालु शांति पाएंगे और समाज को सेवा का संदेश मिलेगा। यह आयोजन निस्संदेह क्षेत्र के धार्मिक व सामाजिक इतिहास में स्वर्णिम अध्याय के रूप में दर्ज होगा।







