कूटनीतिक भूचाल: राष्ट्रपति पावेल से नाराज़ चीन ने तोड़े संबंध, बीजिंग ने दर्ज कराया विरोध

बीजिंग।
अंतरराष्ट्रीय राजनीति में एक बड़ा मोड़ तब आया, जब चीन ने औपचारिक रूप से घोषणा की कि वह राष्ट्रपति पावेल के साथ अपने सभी राजनयिक संबंध समाप्त कर रहा है। बीजिंग ने इस कदम को एक “कूटनीतिक विरोध” के रूप में प्रस्तुत करते हुए कहा कि राष्ट्रपति पावेल की हालिया मुलाकात ने चीन के हितों और नीतिगत रुख को ठेस पहुँचाई है।
चीन के विदेश मंत्रालय ने बयान जारी कर स्पष्ट किया कि यह निर्णय हल्के में नहीं लिया गया, बल्कि गहन विचार-विमर्श के बाद ही उठाया गया है। मंत्रालय के प्रवक्ता ने कहा,
“यह कदम हमारे राष्ट्रीय हितों की रक्षा और अंतरराष्ट्रीय नियमों के सम्मान की दिशा में एक सख्त संदेश है।”
विश्लेषकों का मानना है कि यह घटनाक्रम न केवल चीन-पावेल संबंधों में ऐतिहासिक गिरावट को दर्शाता है, बल्कि वैश्विक कूटनीति में नई ध्रुवीकरण की शुरुआत भी कर सकता है। अंतरराष्ट्रीय मंचों पर दोनों पक्षों की अगली चाल पर सभी की नज़रें टिकी हुई हैं।