गगहा में दफन शव से उठा मौत का रहस्य: दिलशाद का शव छठे दिन कब्र से निकाला गया, पोस्टमार्टम के लिए जिला अस्पताल भेजा गया

गगहा में दफन शव से उठा मौत का रहस्य: दिलशाद का शव छठे दिन कब्र से निकाला गया, पोस्टमार्टम के लिए जिला अस्पताल भेजा गया

क्राइम रिपोर्टर | गोरखपुर, उत्तर प्रदेश


गोरखपुर के गगहा थाना क्षेत्र में 22 वर्षीय दिलशाद की संदिग्ध मौत का मामला तूल पकड़ता जा रहा है। मार्ग दुर्घटना बताकर दफनाए गए शव को परिजनों की गुहार और जिलाधिकारी के निर्देश पर छठे दिन कब्र से निकालकर पोस्टमार्टम के लिए भेजा गया है। अब रिपोर्ट के बाद ही मौत के असली कारणों से पर्दा उठ सकेगा।


जनपद गोरखपुर के गगहा थाना क्षेत्र अंतर्गत पुरसौली गांव में दफन किए गए युवक के शव को छठे दिन कब्र से बाहर निकाले जाने की घटना ने पूरे इलाके में सनसनी फैला दी। मृतक की पहचान 22 वर्षीय दिलशाद उर्फ डिल्लू के रूप में हुई है, जिसकी मौत बीते 19 जनवरी की रात संदिग्ध परिस्थितियों में हो गई थी। परिजनों के अनुसार, दिलशाद 19 जनवरी की शाम अपनी बाइक से घर से निकला था। देर रात उसका शव गगहा–गजपुर मार्ग पर पुरसौली गांव के पास सड़क किनारे उसकी बाइक के साथ पड़ा मिला। प्रथम दृष्टया लोग इसे सड़क दुर्घटना मान रहे थे। बदहवास परिजन उसे तत्काल गगहा सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र (सीएचसी) ले गए, जहां चिकित्सकों ने उसे मृत घोषित कर दिया।

गहरे सदमे में डूबे परिजनों ने उस समय बिना किसी कानूनी प्रक्रिया के 20 जनवरी को शव को दफना दिया। लेकिन जैसे-जैसे समय बीतता गया, दिलशाद की मौत को लेकर शंकाएं गहराती चली गईं


कहानी में आया बड़ा मोड़:

हैरान करने वाली बात यह रही कि दफन के अगले ही दिन मृतक के मामा और अन्य रिश्तेदार गगहा थाने पहुंचे और तहरीर देकर आरोप लगाया कि दिलशाद की मौत सामान्य नहीं है। उन्होंने शव को कब्र से निकालकर पोस्टमार्टम कराने की मांग की। इसके बाद परिजनों ने जिलाधिकारी गोरखपुर से भी गुहार लगाई। मामले की गंभीरता को देखते हुए जिलाधिकारी के आदेश पर शनिवार को, छठे दिन प्रशासनिक और पुलिस टीम मौके पर पहुंची।


इस दौरान नायब तहसीलदार जिवेंद्र तिवारी, थाना प्रभारी गगहा अंजुल चतुर्वेदी और प्रभारी चिकित्साधिकारी गगहा डॉ. बृजेश वरनवाल की मौजूदगी में नियमानुसार कब्र की खुदाई कर शव को बाहर निकाला गया। शव को गगहा पुलिस ने अपने कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए जिला अस्पताल भेज दिया। अब पोस्टमार्टम रिपोर्ट के आधार पर ही मौत के वास्तविक कारणों का खुलासा हो सकेगा।


परिवार पर टूटा दुखों का पहाड़:

बताया जा रहा है कि मृतक दिलशाद की मां बीते कई दिनों से बड़हलगंज के एक अस्पताल में भर्ती हैं। बेटे की मौत के बाद से उनकी हालत और बिगड़ गई है और वे अचेत अवस्था में हैं। परिवार पर एक के बाद एक दुखों ने मानो कहर बरपा दिया है।


जिस मौत को पहले सड़क दुर्घटना मानकर दफना दिया गया, वही अब रहस्य और सवालों के घेरे में है। छठे दिन कब्र से निकाला गया शव न केवल दिलशाद की मौत का सच उजागर करेगा, बल्कि यह भी तय करेगा कि यह हादसा था या किसी साजिश का नतीजा। पूरे इलाके की नजरें अब पोस्टमार्टम रिपोर्ट और पुलिस जांच पर टिकी हैं, जिससे दिलशाद को इंसाफ मिल सके।