सरयू तट पर 75 हजार दीपों की ज्योति से जगमगाया बड़हलगंज — भव्यता के 24वें वर्ष में देव दीपावली महोत्सव ने रचा नया इतिहास

सरयू तट पर 75 हजार दीपों की ज्योति से जगमगाया बड़हलगंज — भव्यता के 24वें वर्ष में देव दीपावली महोत्सव ने रचा नया इतिहास
  • लेटाघाट से तरकुलही घाट तक दीपों की अद्भुत श्रृंखला, गंगा आरती और भक्ति संगीत से गूंजा नगर — श्रद्धालु बोले: “यह आस्था नहीं, एक उत्सव है हमारी पहचान का”

आर.वी.9 न्यूज़ | संवाददाता, शुभम शर्मा

बड़हलगंज (गोरखपुर)।
कार्तिक पूर्णिमा की पावन संध्या को जब सरयू की लहरों पर दीपों की झिलमिलाहट फैली, तो पूरा बड़हलगंज एक स्वर्गिक आलोक में नहाया नजर आया। बुधवार शाम आयोजित 24वां देव दीपावली महोत्सव सरयू तट की भव्यता और आस्था का अनूठा संगम बन गया। लगभग 75 हजार दीपों की सुनहरी ज्योति ने सरयू तट को इस कदर रोशन कर दिया कि पूरा क्षेत्र एक दिव्य धाम में बदल गया — श्रद्धा, संगीत और प्रकाश की त्रिवेणी में डूबा बड़हलगंज अभूतपूर्व दृश्य प्रस्तुत कर रहा था।


घाट-घाट पर दीपों का महासमुद्र

नगर के लेटाघाट, रामकवल शाही स्नान घाट, कलूट का शिवाला, संतोषी माता मंदिर घाट, पुरानी हनुमानगढ़ी घाट और तरकुलही घाट पर श्रद्धालुओं ने दीप प्रज्वलित किए। सरयू की लहरों पर तैरते दीप जैसे भक्तों की भावनाओं को गंगा मैया तक पहुंचा रहे थे। आरती के दौरान “हर हर गंगे” और “जय सरयू माता” के जयघोष से वातावरण गूंज उठा। श्रद्धालुओं ने भगवान शिव, विष्णु और गंगा माता की विधिवत पूजा-अर्चना की और दीपदान कर अपनी श्रद्धा व्यक्त की।


सामाजिक और धार्मिक संस्थाओं की महत्वपूर्ण भूमिका

इस आयोजन की सफलता के पीछे नगर की एकजुटता और सामूहिक भावना रही। नगर पंचायत बड़हलगंज के साथ गंगा समग्र, विश्व हिंदू परिषद, अखिल भारतीय विकास मंच, व्यापार मंडल तथा अन्य सामाजिक संगठनों ने सक्रिय सहयोग दिया। संगठनों के कार्यकर्ताओं ने घाटों की सजावट, दीप प्रज्वलन और सफाई व्यवस्था में अपनी निष्ठा और सेवा का परिचय दिया। कार्यक्रम के संचालन में चेयरमैन प्रतिनिधि महेश उमर की विशेष भूमिका रही। उनके निर्देशन में नगर पंचायत कर्मियों और स्वयंसेवकों ने मिलकर देव दीपावली को भव्य रूप प्रदान किया।


गणमान्य व्यक्तियों की उपस्थिति ने बढ़ाई शोभा

आयोजन में पंडित शुकदेव मिश्र, सभासद राजीव मिश्र, रवि साहनी, दीपक शर्मा, सभासद प्रतिनिधि ऋषि कुमार, लिपिक सुनील कुमार, परमात्मा पटवा, हरिकेश यादव, राजकुमार निगम, रामदेव वर्मा, मनोज निगम, वीरेंद्र एडवोकेट, विश्वनाथ तिवारी, हरपाल नागवानी, संजय पटवा, राजकुमार भारती, मुन्ना निगम, एवं यतीन्द्र नाथ तिवारी सहित कई गणमान्य व्यक्ति उपस्थित रहे। सभी ने मिलकर दीप जलाकर आस्था की इस ज्योति को और प्रज्वलित किया।


देव दीपावली बनी पहचान, हर वर्ष बढ़ता दायरा

स्थानीय श्रद्धालुओं का कहना है कि बड़हलगंज की देव दीपावली अब पूरे क्षेत्र की पहचान बन चुकी है। हर वर्ष इसकी भव्यता और भागीदारी बढ़ती जा रही है। घाटों की साफ-सफाई, सुरक्षा, और सांस्कृतिक कार्यक्रमों के साथ यह आयोजन अब पूर्वांचल के प्रमुख धार्मिक आयोजनों में गिना जाने लगा है।


आस्था, एकता और संस्कृति का दीपोत्सव

सरयू तट पर सजी यह दिव्य दीपमाला केवल एक धार्मिक अनुष्ठान नहीं, बल्कि पूर्वांचल की आध्यात्मिक आत्मा का उत्सव है। हर दीप मानो यह संदेश दे रहा था — “जहां एकता और श्रद्धा की लौ जलती है, वहीं समाज में प्रकाश फैलता है।” 24वें वर्ष में बड़हलगंज की देव दीपावली ने न केवल घाटों को, बल्कि हर हृदय को प्रकाशित कर दिया।